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दुर्ग / शौर्यपथ / जिला प्रशासन एवं यूनिसेफ के संयुक्त प्रयास से 28 मई 2024 माहवारी स्वच्छता प्रबंधन दिवस के अवसर पर जिले में माहवारी से जुड़े अच्छे व्यवहारो को अपनाने हेतु रेड डॉट चौलेंज जागरुकता अभियान चलाया गया। कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी के द्वारा हाथों में रेड डॉट के साथ इस जागरुकता अभियान की शुरुवात की गयी। माहवारी स्वच्छता प्रबंधन दिवस हर साल 28 मई को मनाया जाता है। इस दिन का उद्देश्य माहवारी से संबंधित मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाना और महिलाओं एवं किशोरियों को उचित माहवारी स्वच्छता के बारे में शिक्षित करना है। इस दिन को मनाने का प्रमुख लक्ष्य माहवारी को लेकर समाज में मौजूद वर्जनाओं को तोड़ना, उचित जानकारी प्रदान करना और स्वच्छता साधनों की उपलब्धता को सुनिश्चित करना है। इस दिन को मनाने के पीछे कई महत्वपूर्ण उद्देश्य हैं। समाज में माहवारी से जुड़े मिथकों और गलतफहमियों को दूर करने के लिए जागरूकता फैलाना। महिलाओं और किशोरियों के लिए स्वच्छता सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना। शिक्षा और जानकारी माहवारी के दौरान स्वच्छता बनाए रखने के तरीकों के बारे में जानकारी देना। माहवारी स्वच्छता प्रबंधन दिवस का महत्व इसलिए भी अधिक है क्योंकि यह महिलाओं के स्वास्थ्य और सशक्तिकरण से सीधे जुड़ा हुआ है। माहवारी के दौरान उचित स्वच्छता का पालन न करने से संक्रमण और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है। इसीलिए इस दिन के माध्यम से विभिन्न कार्यक्रमों, वर्कशॉप्स, और अभियानों के जरिए लोगों को शिक्षित और जागरूक किया जाता है। सी.डी.पी.ओ. श्री अजय शर्मा ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग के 1506 आंगनबाड़ी केन्द्रों में माहवारी स्वच्छता प्रबंधन से संबंधित विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन केन्द्र स्तर, ग्राम स्तर, सेक्टर स्तर व परियोजना स्तर पर आयोजित किया गया। जिसमें गर्भवती, शिशुवती माताओं एवं किशोरी बालिकाओं को माहवारी से संबंधित उचित जानकारी दी गई एवं रेड डॉट चौलेंज का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम मे विभाग के लोगांे के साथ-साथ समुदाय के लोगांे ने बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी लिए एवं माहवारी से जुड़े अच्छे व्यव्हारों को अपनाने हेतु शपथ लिये। साथ ही युवोदय दुर्ग के दूत स्वंय सेवकों के द्वारा इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया गया एवं उनके द्वारा जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर माहवारी से जुड़े अच्छे व्यवहारों कों अपनाने हेतु समुदाय के लोगो को प्रेरित किया गया। अन्य विभागों जिला पंचायत, शिक्षा विभाग आदि विभागों के द्वारा इस मुहिम मे बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया गया।
दुर्ग / शौर्यपथ / कलेक्टर ऋचा प्रकाश चौधरी के निर्देशन एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अश्वनी देवांगन के मार्गदर्शन में आज विश्व माहवारी स्वच्छता दिवस के अवसर पर दुर्ग जिले के 381 ग्रामों में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) द्वारा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्वच्छताग्राही महिला स्व-सहायता समूह, किशोरी बालिकाएं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मितानीन, स्वास्थ्य कार्यकर्ता, शाला शिक्षक एवं ग्रामीण शामिल हुए।
दुर्ग जिले के ग्रा.पं. कोलिहापुरी, कचांदुर, ज.पं. दुर्ग, ग्राम पंचायत पथरिया (सह), लिटिया, ज.पं. धमधा, ग्राम पंचायत सेलूद, धौराभाठा, ज.पं. पाटन में संकुल स्तरीय माहवारी स्वच्छता प्रबंधन कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें ग्रामीणों को सेनेटरी पेड व डायपर को घर के ही आंगन में गड्ढ़ा बनाकर सुरक्षित निपटान करने की जानकारी दी गई। सेनेटरी पेड के सुरक्षित निपटान हेतु समस्त ग्राम पंचायतों में सेग्रीगेशन वर्कशेड के समीप डीप बरियल पीट का निर्माण किया गया है।
इसी क्रम में कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी ने हाथ में लाल स्याही लगाकर माहवारी स्वच्छता जागरूकता का संदेश दिया। जिले के विभागीय अधिकारियों ने भी हाथ में लाल स्याही लगाकर माहवारी स्वच्छता के प्रचार-प्रसार हेतु अपना सहयोग प्रदान किया। साथ ही विभाग के समस्त अमलों के माध्यम से ग्रामीण एवं शहरी स्तर पर गतिविधियों का आयोजन कर सहयोग प्रदान किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि सहायक परियोजना अधिकारी श्रीमती संध्या कुर्रे द्वारा विश्व माहवारी स्वच्छता दिवस के अवसर पर माहवारी के दौरान महिलाओं व बालिकाओं को होने वाली परेशानियों पर निजात पाने के ऊपर विस्तार से जानकारी दी गई। सरपंच ग्राम पंचायत सेलूद श्रीमती खेमिन साहू ने महिलाओं को माहावारी संबंधी कुप्रथाओं को दूर करते हुए जागरूक होकर कार्य करने व प्रचार प्रसार करने तथा जन जागरण लाने पर जोर दिया गया। अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत पाटन श्रीमती श्वेता यादव ने उपस्थित जन समूहों को माहवारी चक्र के ऊपर विश्व माहवारी दिवस 28 मई को ही क्यों मनाया जाता है, इस संबंध में विस्तार से जानकारी दी।
उल्लेखनीय है कि जिले के कुल 192 ग्रामों के स्वच्छताग्राही स्व-सहायता समूहों को वर्ल्ड बैंक परफारमेंस ग्रांट से 25 लाख रूपए माहवारी स्वच्छता अंतर्गत सेनेटरी पेड के क्रय-विक्रय हेतु वर्ष 2019-20 में जारी की गई थी। इन समूहों द्वारा विगत 04 वर्षों से सेनेटरी पैड क्रय विक्रय करने के साथ जागरूकता एवं प्रचार-प्रसार का कार्य किया जा रहा है।
इस अवसर पर श्री सौरभ कुमार, श्री गिरीश माथुरे, जल जीवन मिशन लोकिता वर्मा, ब्लाक समन्वय श्री मनोज बनिक, सरपंच पतोरा श्रीमती अंजिता साहू, सरपंच चुनकट्टा श्री भूषण सोनवानी, सरपंच घुघुवा श्री लोकेश्वर साहू आयोजन के मुख्य अतिथि थे। श्री ब्लाक अध्यक्ष सचिव संघ श्री प्रदीप चन्द्राकर, सहायक कृषि विस्तार अधिकारी श्रीमती ममता बंजारे, श्री गोपेश साहू, श्रीमती सुनीता सेन, श्री हुपेंद्र साहू, श्री राहुल साहू, श्री जामवंत वर्मा, श्री चन्द्रशेखर यादव, श्री पारख साहू, श्री विष्णु सिन्हा, श्री ताम्रध्वज साहू, श्री कल्याणी बंजारे, श्रीमती चंचल ज्योति, श्रीमती लोकेश्वरी मार्कण्डेय, श्रीमती रेणुका कुर्रे, श्री विकास बारले सहित 20 ग्राम पंचायत के पंचायत पदाधिकारीगण, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मितानिन, स्वच्छाग्राही, बिहान समूह, महिला स्व सहायता समूह के अध्यक्ष सचिव व सदस्य उपस्थित थे।
दुर्ग / शौर्यपथ / कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी के मार्गदर्शन में जिले में कुपोषण की दर में कमी लाने सम्पूर्ण जिले में कुपोषण मुक्ति अभियान चलाया जाएगा। इसके अंतर्गत कुपोषण के तीनों स्तर कम वजन, बौनापन व दुबलापन के दर में कमी लाने प्रथम चरण में जिले के प्रत्येक सेक्टर के एक ग्राम पंचायत/वार्ड को कुपोषण मुक्त बनाये जाने कुल 32 ग्राम पंचायतों व 27 वार्डों का चयन किया गया है। महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री अजय शर्मा से मिली जानकारी अनुसार इन चयनित ग्राम पंचायतों/वार्डो में विविध विभाग यथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास, नगरीय निकाय, महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग, उद्यानिकी विभाग के समन्वय से कुपोषण मुक्ति कार्यक्रम को सम्पादित किया जाना है। कार्यक्रम में पूरक पोषण आहार की समुचित व्यवस्था, टीकाकरण, विटामिन-ए, कृमिनाशक गोली की खुराक का उम्र अनुसार सेवन, आयरन सिरप या गोली की खुराक का सेवन की अनिवार्यता सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही नियमित रूप से बच्चों के उम्र, वजन व ऊंचाई का माप कर पोषण टैªकर ऐप से समीक्षा की जाएगी। आंगनबाड़ी केन्द्रों में आधारभूत व्यवस्था के साथ-साथ पोषण बाड़ी, कुपोषित बच्चों, गर्भवती माताओं/शिशुवती माताओं के घर में गृहभेंट, अल्प पोषण से बचाव, स्तनपान-प्रोत्साहन, स्वच्छता पुनर्वास, शिशुवती माताआंें को प्राथमिकता से क्रियान्वित किया जाएगा। अभियान में गर्भावस्था के दौरान एवं बच्चे के प्रथम दो वर्ष को अवधि अर्थात् प्रथम 1000 दिवसों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। जिला प्रशासन की यह मुहिम कुपोषण की दुष्चक्र को तोड़ने में महती भूमिका निभाएगी।
-जल संरक्षण एवं संवर्धन हेतु जल सुरक्षा कार्यक्रम अभियान
- जिला चिकित्सालय में 18 प्रकार की दिव्यांगता की जांच
- जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव का आयोजन 25 जून को
- स्कूलों में नेवता भोज की तर्ज पर जिले के आंगनबाड़ी केन्द्रों में शिशु भोज का आयोजन
- कलेक्टर ने की जनशिकायत एवं जनसमस्याओं के लंबित प्रकरणों की समीक्षा
दुर्ग / शौर्यपथ / जिले में जल संरक्षण एवं संवर्धन हेतु जल सुरक्षा कार्यक्रम अभियान चलाया जा रहा है। कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी की अध्यक्षता में आज आयोजित अधिकारियों की बैठक में अभियान की कार्ययोजना से अवगत कराते हुए जिला पंचायत के सीईओ श्री अश्वनी देवांगन ने बताया कि इस अभियान के तहत ग्राम पंचायतों में जल सुरक्षा चौपाल व शपथ कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। जल सुरक्षा सूत्र में विभिन्न गतिविधियों का संचालन हो रहा है। इसके अंतर्गत समस्त शासकीय भवनों में वाटर हार्वेस्टिंग की मरम्मत साफ-सफाई व नवीन निर्माण, ग्राम पंचायतों में जल वाहिनी दीदियों की सभा का आयोजन, ग्राम पंचायतों में स्थित तालाबों में डीसिल्टीन कार्य, वर्षा जल संचित करने हेतु रिचार्ज पिट का निर्माण, सभी ग्राम/नगर वार्डों में निकाय स्तर पर जल स्त्रोत की सफाई का कार्य, पेयजल स्त्रोतों के पास सोख्ता गड्ढों की साफ-सफाई निर्माण एवं प्राकृतिक वर्षा जल, बहाव क्षेत्र (नालों में ) गाद की साफ-सफाई, वर्षा जल संचयन हेतु अवशोषण गड्ढों का निर्माण, मृदा में नमी की मात्रा का परीक्षण एवं नालों में जल बहाव की मात्रा का परीक्षण, कुओं की साफ सफाई एवं मरम्मत, वर्षा जल संरक्षण हेतु समस्त विभागों की कार्यशाला का आयोजन, भूमिगत जल संचयन हेतु डाईक निर्माण, ग्राम पंचायत के युवाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों में जल सुरक्षा की जागरूकता हेतु शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन, ग्राम पंचायतांे में नवीन तालाबों एवं डबरियों का निर्माण, मल्चिंग, फसल चक्र और जैविक खेती तकनीकों जैसी प्रथाओं को बढ़ावा देना जो मिट्टी की नमी को संरक्षित करने और कृषि में पानी की खपत को कम करने हेतु प्रयास इत्यादि कार्य शामिल है।
कलेक्टर सुश्री चौधरी ने जनशिकायत एवं जनसमस्याओं के लंबित प्रकरणों के साप्ताहिक निराकरण पर असंतोष व्यक्त करते हुए अधिकारियों को समयावधि के भीतर प्रकरण निराकृत करने के कड़े निर्देश दिये। उन्होंने जिले के समितियों में कृषि आदान सामग्री खरीफ खाद-बीज के भण्डारण एवं वितरण की समीक्षा करते हुए कहा कि समितियों मंे पर्याप्त खाद-बीज की भण्डारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही कृषकों को आवश्यकता के मुताबिक खाद-बीज उपलब्ध करायी जाए। कलेक्टर ने कृषि, सीसीबी और बीज प्रसंस्करण केन्द्र के अधिकारियों को किसानों को वितरित खाद-बीज की जानकारी नियमित उपलब्ध कराने के निर्देश दिये। उन्होंने सभी एसडीएम को संबंधित क्षेत्र में समितिवार खाद-बीज भण्डारण का निरीक्षण करने निर्देशित किया है।
कलेक्टर सुश्री चौधरी ने जिला चिकित्सालय के माध्यम से दिव्यांगजनों को जारी प्रमाण पत्रों की जानकारी ली। सीएमएचओ डॉ. मेश्राम ने अवगत कराया कि दिव्यांगजनों के अधिकार अधिनियम के तहत जिला चिकित्सालय दुर्ग में 18 प्रकार के दिव्यांगता प्रमाण पत्र जारी किये जा रहे हैं। जिसमें बौद्धिक अक्षमता, मानसिक बीमारी, जीन तंत्रिका अवस्था, दृष्टिबाधित, अल्प दृृष्टि, श्रवण विकलांगता, गतिजनित अक्षमता, मस्तिष्क पक्षपात, कुष्ठ रोग, बौनापन, मांसपेशीय दुर्विकास, एसिड हमला पीड़ित, हिमों फिलिया, थेलेसीमिया, सिकलसेल रोग और बहुविकलांगता शामिल है। तीन विकलांगता क्रमशः स्वलीनता, वॉक एवं भाषा दोष और विशिष्ट अधिगम अक्षमता संबंधी विकलांगता की जांच सुविधा जिला चिकित्सालय में उपलब्ध नहीं होने से मेडिकल कालेज से जांच उपरांत प्रकरण का प्रमाण पत्र जारी किया जा रहा है। कलेक्टर ने वरिष्ठ नागरिकों की स्वास्थ्य जांच विशेषज्ञ चिकित्सकों के माध्यम से कराने नगर के विभिन्न स्थानों पर शिविर आयोजित करने सीएमएचओ को निर्देशित किया।
कलेक्टर सुश्री चौधरी ने आंगनबाड़ी केन्द्र भवन निर्माण की अद्यतन स्थिति की समीक्षा करते हुए प्रगति लाने के निर्देश दिये। उन्होंने बेहतर प्लानिंग के साथ सुपोषण अभियान को क्रियान्वित करने सीडीपीओ को निर्देशित किया। साथ ही स्कूलों में नेवता भोज की तर्ज पर जिले की आंगनबाड़ी केन्द्रों में शिशु भोज के आयोजन के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक पहल करने कहा। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी के 05 वर्ष आयु के शत-प्रतिशत बच्चों को स्कूलों में प्रवेश दिलायी जाए। जिला शिक्षा अधिकारी ने अवगत कराया कि आगामी माह 18 जून से स्कूल खुल रहे हैं। इस दौरान स्कूलों में शाला प्रवेशोत्सव मनाया जाएगा। जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव 25 जून को आयोजित किया जाएगा।
कलेक्टर सुश्री चौधरी ने आगामी मानसून को ध्यान में रखते हुए सभी नगरीय निकायों में एक जून से नालियों की सघन सफाई अभियान प्रारंभ करने तथा वर्षाजनित बीमारियों एवं मलेरिया, डेंगू के बचाव हेतु कारगर पहल करने अधिकारियों को निर्देशित किया। बैठक में एडीएम श्री अरविन्द एक्का, नगर निगम भिलाई के आयुक्त श्री देवेश ध्रुव, जिला पंचायत के सीईओ श्री अश्वनी देवांगन, अपर कलेक्टर श्री बी.के. दुबे, नगर निगम दुर्ग के आयुक्त श्री लोकेश चन्द्राकर, नगर निगम रिसाली के आयुक्त श्रीमती मोनिका वर्मा, नगर निगम भिलाई-3 चरौदा के आयुक्त श्री दशरथ राजपूत सहित सभी एसडीएम, सभी जनपद सीईओ एवं समस्त विभाग के जिला प्रमुख अधिकारी उपस्थित थे।
दुर्ग / शौर्यपथ /
कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में राजस्व अधिकारियों की बैठक लेकर पिछली राजस्व बैठक के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा करते हुए जमीन से जुड़े सभी अविवादित नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, राजस्व वसूली, नक्शा बटांकन, डायवर्सन की गहन समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने विभागीय प्रकरणों के निराकरण में लेटलतीफी करने वाले अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए लंबित प्रकरणों को त्वरित रूप से निराकृत कर दायित्वों का निर्वहन सर्वोच्च प्राथमिकता से करने को कहा। सामाजिक संस्थाओं से संबंधित जमीन के मामलों को भी शीघ्रता से समय सीमा के भीतर पूर्ण करने कहा।
कलेक्टर ने कहा कि राजस्व से संबंधित कोई भी प्रकरण लंबित नही होने चाहिए। उन्होंने राजस्व अनुविभागीय अधिकारियों तथा तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों से उनके न्यायालयों में लंबित राजस्व प्रकरणों के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी ली। इसके अलावा उन्होंने भू-अर्जन के लंबित प्रकरणों एवं मुआवजा भुगतान, भारतमाला परियोजना, राजस्व पुस्तक परिपत्र 6-4 के प्रकरणों का भी त्वरित निराकरण करने निर्देश दिए, जिससे प्रभावित लोगों को मुआवजा प्रदान करने में किसी भी प्रकार का विलंब न हो। उन्होंने सभी सहायक अधीक्षक भू-अभिलेख (एएसएलआर) को आबंटित अपने-अपने तहसीलों का निरीक्षण कर उचित कार्यवाही करते हुए एसडीएम को सूचित करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी ने सभी राजस्व अनुविभागीय अधिकारियों को ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में बसे फैक्ट्री और उनके भण्डारण स्थानों का निरीक्षण करने को कहा, जो घनी आबादी वाले क्षेत्रों में बसा है। उन्होंने ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में बसे फैक्ट्रियों का निरीक्षण करने को कहा जिनका की लाइसेंस और परमिट समाप्त हो गया है। नागरिकों की सुरक्षा की दृष्टिकोण से ज्वलनशील पदार्थ बारूद व फटाखे की फैक्ट्री व गोडाउन घनी आबादी व बस्ती से दूर स्थापित होना चाहिए, इन्ही शर्तो पर लाइसेंस नवीनीकरण किए जाने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर ए.डी.एम. अरविंद एक्का, संयुक्त कलेक्टर हरवंश मिरी, एसडीएम पाटन दीपक निकुंज, एसडीएम भिलाई लवकेश ध्रुव, एसडीएम दुर्ग मुकेश रावटे, एसडीएम धमधा सोनल डेविड, एसडीएम भिलाई-3 महेश राजपूत सहित सभी तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार, एलएलआर उपस्थित थे।
दुर्ग / शौर्यपथ / लोकसभा निर्वाचन 2024 में संसदीय निर्वाचन क्षेत्र 07 दुर्ग के अंतर्गत सैन्य एवं केन्द्रीय सशस्त्र सेवाओं में तैनात सेवा मतदाताओं से ईटीपीबीएस के माध्यम से डाक मतपत्र मुख्य जिला दुर्ग को 27 मई 2024 तक 890 डाक मतपत्र प्राप्त हुये थे। आज 28 मई 2024 को 11 डाक मतपत्र प्राप्त हुए है, अब तक कुल 901 डाक मतपत्र प्राप्त हुए है। अब केवल सेवा मतदाताओं से प्राप्त ईटीपीबीएस के माध्यम से डाक मतपत्र मतगणना तिथि 04 जून 2024 को सुबह 7.59 बजे तक प्राप्त किये जायेंगे।
भिलाई नगर/शौर्यपथ / नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र के 27 भवन स्वामियों द्वारा लंबे समय से संपत्तिकर की राशि जमा नहीं करने पर आयुक्त ने कुर्की वारंट जारी कर कुर्की अधिकारी की नियुक्ति करते हुए 31 मई तक राशि की वसूली करने के निर्देश दिये है।
निगम आयुक्त देवेश कुमार ध्रुव ने निगम को आर्थिक रूप से सबल बनाने संपत्तिकर की वसूली शत्प्रतिशत हो इसके लिए समय-समय पर राजस्व करो की वसूली की समीक्षा करते है। इसी दौरान उन्होने संपत्तिकर विभाग को निर्देशित किये थे कि लंबे समय से निगम का टैक्स जमा नहीं करने वाले भवन स्वामीयों की सूची जोनवार प्रस्तुत करे। सूची के आधार पर जोन-03 मदर टेरेसा नगर क्षेत्र के व्यवसायिक एवं आवासीय भवन स्वामी जिसमें राज कुमार चैधरी/दुधनाथ चैधरी खुर्सीपार भिलाई, भगवान वर्मा/भिलाई निर्माण शिक्षा समिति, कृष्ण कुमार गुप्ता/श्यामनाथ गुप्ता केम्प 2 भिलाई, रामप्रवेश चैहान/हीरालाल चैहान भिलाई, बंशी अग्रवाल/लाजपत राय अग्रवाल भिलाई, बालवीर सिंह/लालू सिंह भिलाई, राम नागीन/स्व. राम देव चैहान संतोषी पारा भिलाई, रधुवीर महाजन/स्व. मन्नू महाजन केम्प 2 भिलाई, राजाराम/स्व. चंदूलाल साहू केम्प 2 भिलाई, राजेन्द्र प्रसाद/राजेश मिश्रा भिलाई, राजेश कुमार/स्व. रमेश चंद भिलाई, रामदरस यादव/रधुनाथ यादव भिलाई, अरूणाप्रभा शुक्ला/आर.एन.शुक्ला भिलाई, राजपति शर्मा/स्व. हरिद्वारा शर्मा केम्प 1 भिलाई, प्रशांत जायसवाल/माता गरीब जायसवाल भिलाई, मलंग/चंद साह बाबा केम्प 1 भिलाई, शेख अब्बास/स्व. शेख मोहम्मद स्टील नगर भिलाई, चेतनदास चैधरी/स्व. धनका चैधरी केम्प 1 भिलाई, माता गरीब जायसवाल/स्व. महावीर जायसवाल अम्बेडकर नगर भिलाई, सलमुददीन/अलीम केम्प 2 भिलाई, रंजीत सिंह/जगदीश सिंह भिलाई, चन्द्रकांत/मरोती राव केम्प 1 भिलाई, जितेन्द्र कुमार राय/जगदीश राय मदर टेरेसा नगर भिलाई, उर्मिला मिश्रा/अमरनाथ मिश्रा केम्प 1 भिलाई, रवि कुमार कोडा/स्व. रमेश कुमार कोडा शांति पारा केम्प 1 भिलाई, फूलचंद/ईशना हुकरे पुरानी मछली मार्केट भिलाई, सुषमा देवी टहलयानी/स्व. भगवान दास टहलयानी चटाई क्वाटर केम्प 2 भिलाई शामिल है।
इन भवन स्वामियो द्वारा लंबे समय से संपत्तिकर राशि का भुगतान नहीं किया गया है। निगम द्वारा सभी भवन स्वामी को नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 174 की नोटिस जारी कर 31 मई के भीतर निगम को देय लंबित राशि का भुगतान करने को कहा गया था। नोटिस की अवधि समाप्त होने के बाद आयुक्त ने उन सभी 27 भवन स्वामियो के विरूद्व नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 175 के अधीन शक्ति पत्र कुर्की वारंट जारी कर कुर्की अधिकारी, सहायक राजस्व अधिकारी, बी.के. नायडू को आदेशित किये है कि उक्त भवन स्वामियो से 31 मई तक निगम को देय लंबित राशियों का वसूली कर निगम कोष में जमा कराये। निर्धारित राशि 31 मई तक जमा नहीे करने वाले प्रतिष्ठिानो एवं दुकानो पर ताला लगा देगी इसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी संबंधित की स्वयं की होगी।
दुर्ग / शौर्यपथ /कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी के मार्गदर्शन में 27 मई से 15 जून 2024 तक जल सुरक्षा कार्यक्रम अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत् ग्राम पंचायतों में जल सुरक्षा चौपाल व शपथ कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। जल सुरक्षा सूत्र में विभिन्न गतिविधियों का संचालन हो रहा है। जिसके अंतर्गत समस्त शासकीय भवनों में वाटर हार्वेस्टींग सिस्टम की मरम्मत साफ सफाई एवं नवीन निर्माण, ग्राम पंचायतों में जल वाहिनी दीदीयों की सभा का आयोजन, ग्राम पंचायतों में स्थित तालाबों में डिसिल्टिंग कार्य, वर्षा जल को संचित करने हेतु रिचार्ज पिट का निर्माण, सभी ग्राम/नगर वार्डों में नगर निकाय स्तर पर जल स्त्रोत की सफाई का कार्य, पेय जल स्त्रोतों के पास सोखता गड्ढों की साफ सफाई एवं निर्माण, प्राकृतिक वर्षा जल बहाव क्षेत्र (नालो) में गाद की साफ सफाई, वर्षा जल संचयन हेतु जल अवशोषण गड्ढो का निर्माण, मृदा में नमी की मात्रा का परीक्षण एवं नालों में जल बहाव की मात्रा का परीक्षण, कुओं की साफ सफाई एवं मरम्मत, वर्षा जल संरक्षण हेतु समस्त विभागों की कार्यशाला का आयोजन, भूमिगत जल संचयन हेतु डाईक निर्माण, ग्राम पंचायत के युवाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों में जल सुरक्षा की जागरूकता हेतु शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन, ग्राम पंचायतो में नवीन तालाबों एवं डबरियों का निर्माण, मल्चिंग, फसल चक्र और जैविक खेती तकनीकों जैसी प्रथाओं को बढ़ावा देना जो मिट्टी की नमी को संरक्षित करने और कृषि में पानी की खपत को कम करने हेतु प्रयास इत्यादि कार्य शामिल है।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत दुर्ग श्री अश्विनी देवांगन ने बताया कि 60 ग्राम पंचायतो में जल सुरक्षा चौपाल का आयोजन होगा। विकासखण्ड धमधा अंतर्गत खेरधा, मुड़पार, बरहापुर, देवरी, धौराभाठा, तरकोरी, बिरेभाठ (हिरेतरा), अकोला, नंदिनीखुंदिनी, पिटौरा, मोहलाई, ठेंगाभाट, नवागांव (स), साल्हेखुर्द, पुरदा, घोंठा, ढौर हि., लंहगा, पोटिया (में), बिरेझर ग्रामों में कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। इसी प्रकार विकाखण्ड दुर्ग अंतर्गत ग्राम पुरई, रिसामा, धनोरा, बोरई, घुघसीडीह, अण्डा, बासीन, अंजोंरा ख, थनौद, चंदखुरी, कोलिहापुरी, नगपुरा, मचांदुर, जेवरा, करंजाभिलाई, मोहलाई, झोला, समोदा, ननक_ी, निकुम ग्रामों में एवं विकासखण्ड पाटन के अतर्गत जामगांव (एम), गाड़ाडीह, सेलुद, सांतरा, टेमरी, बेल्हारी, जामगांव (आर), कसही, परसाही, धमना, रानीतराई, लोहरसी, तर्रा, चीचा, सिकोला, दरबारमोखली, बेलौदी, करगा, रवेली, सावनी इत्यादि ग्रामों में कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं।
दुर्ग / शौर्यपथ / अपहरण व रेप के एक मामले में पुरानी भिलाई पुलिस ने महाराष्ट्र से आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी युवक नाबालिग बालिका को बहला फुसला कर अपहरण कर ले गया था। भिलाई से लेजाकर आरोपी युवक नाबालिग को अहमदनगर महाराष्ट्र ले गया। अहमदनगर में उसने नाबालिग से जबरिया संबंध भी बनाए।
परिजनों की शिकायत पर पुरानी भिलाई पुलिस ने अपराध दर्ज किया। लगभग 18 दिन बाद आरोपी को महाराष्ट्र से गिरफ्तार नाबालिग को सकुशल परिजनों को सौंपा गया। इस मामले में पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया।
मिली जानकारी के अनुसार इस मामले में 10 मई को पुरानी भिलाई थाने में इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई। प्रार्थी ने बताया कि उसकी नाबालिग बेटी को अज्ञात युवक अपहरण कर ले गया। इस मामले में पुलिस ने धारा 363 के तहत अपराध दर्ज विवेचना शुरू की। इस दौरान अज्ञात आरोपी के बारे में लगातार पतासाजी की जा रही थी। इस दौरान पता चला कि नाबालिग को अरमान नाम के युवक ने अपहरण किया है। इसके बाद पुलिस ने अरमान की तलाश शुरू की। विवेचना के दौरान पता चला कि आरोपी अरमान पिंडरी-42 थाना चरही जिला हजारीबाग झारखंड का रहने वाला हैं, और वह भिलाई तीन में काम करता था। इस दौरान नाबालिग से परिचय हुआ और उसे बहलाफुसला कर ले गया। इसके बाद पुलिस की टीम झारखंड पहुंची और परिवार से पूछताछ की। इस दौरान पुलिस को उसका मोबाइल नंबर मिल गया। अब मोबाइल के आधार पर लोकेशन ट्रेस की गई। मोबाइल नंबर के टावर लोकेशन के आधार पर आरोपी की लोकेशन जिला अहमदनगर (महाराष्ट्र) का पाया गया। इसके बाद पुलिस की एक टीम महाराष्ट्र रवाना हुई और आरोपी को गिरफ्तार कर नाबालिग बालिका को बरामद कर परिजनों को सौंपा गया। आरोपी के खिलाफ 376 की धारा जोड़कर उसे जेल भेज दिया गया।
हिन्दू रक्षामंच ने किया था प्रदर्शन
बता दें इस मामले में पुरानी भिलाई थाना पहुंचकर हिन्दू रक्षामंच ने प्रदर्शन भी किया था। प्रार्थी की शिकायत के बाद पुलिस की कार्रवाई धीमी होने के कारण हिन्दू रक्षामंच के कार्यकर्ताओं ने थाने के सामने प्रदर्शन किया और आरोपी की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने का आश्वासन भी दिया था। शिकायत दर्ज होने के लगभग 18 दिन बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया।
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