August 19, 2026
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    धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
    क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।

    नई दिल्ली । शौर्यपथ । जम्मू -कश्मीर में सेना द्वारा चलाये जा रहे आतंक क्लीन मुहिम के दौरान आज बुधवार को पुलवामा सेक्टर में आतंकियों द्वारा भारतीय जवानों के साथ मुठभेड़ में सेना ने एक आतंकी को मार गिराया l वहीं यूपी के जौनपुर जिले का जवान जिलाजीत यादव शहीद हो गया। सेना चारों तरफ से आतंकी को घेर लिया हैl  26 वर्षीय जिलाजीत जौनपुर जिले जलालपुर थाना क्षेत्र के धौरहरा इजरी बहादुरपुर पास स्थित सिरकोनी गांव के निवासी थे। पुलवामा में बुधवार की भोर में शुरू हुए मुठभेड़ में एक आतंकी को भी मार गिराया गया है। फिलहाल इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। सुरक्षा बलों को खुफिया एजेंसियों को सूचना मिली थी कि पुलवामा के कमराज़ीपोरा में एक बाग में आतंकी छिपे हैं।  सूचना मिलते ही सुरक्षाबलों ने इलाके को घेर लिया और तलाशी अभियान चलाया। खुद को घिरा देख आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर फायरिंग कर दी। सुरक्षाबलों ने भी जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान जिलाजीत शहीद हो गए। मारे गए एक आतंकी के पास से एक-47, ग्रेनेड के साथ ही अन्य आपत्तिजनक सामान बरामद हुआ है।  जिलाजीत के पिता कांता प्रसाद यादव का दो वर्ष पहले निधन हो चुका है। घर पर मां उर्मिला और पत्नी पूनम अपने सात माह के बेटे के साथ चाचा राम इकबाल यादव, जवाहर यादव के साथ रहती हैं। जिलाजीत की दो बहनें हैं। जिलाजीत ने सरस्वती निकेतन इंटर कॉलेज बैरीपुर सिरकोनी से इंटर मीडिएट करने के बाद सेना में भर्ती हो गए थे। इकलौती संतान के शहीद होने की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गयाl गुरुवार को पार्थिव शरीर आने की संभावना जताई जा रही है।

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    शौर्यपथ लेख । स्त्रियों की सहनशक्ति पुरुषों से कई गुनी ज्यादा है। पुरुष की सहनशक्ति न के बराबर है। लेकिन पुरुष एक ही शक्ति का हिसाब लगाता रहता है, वह है मसल्स की। क्योंकि वह बड़ा पत्थर उठा लेता है, इसलिए वह सोचता रहा है कि मैं शक्तिशाली हूं। लेकिन बड़ा पत्थर अकेला आयाम अगर शक्ति का होता तो ठीक है, सहनशीलता भी बड़ी शक्ति है- जीवन के दुखों को झेल जाना। स्त्रियां लड़कियां पहले बोलना शुरू करती हैं। बुद्धिमत्ता लड़कियों में पहले प्रकट होती है। लड़कियां ज्यादा तेज होती हैं। विश्वविद्यालयों में भी प्रतिस्पर्धा में लड़कियां आगे होती हैं। जो भी स्त्री आक्रामक होती है वह आकर्षक नहीं होती है। अगर कोई स्त्री तुम्हारे पीछे पड़ जाए और प्रेम का निवेदन करने लगे तो तुम घबरा जाओगे तुम भागोगे। क्योंकि वह स्त्री पुरुष जैसा व्यवहार कर रही है, स्त्रैण नहीं है। स्त्री का स्त्रैण होना, उसका माधुर्य इसी में है कि वह सिर्फ प्रतीक्षा करती है। वह तुम्हें सब तरफ से घेर लेती, लेकिन तुम्हें पता भी नहीं चलता। उसकी जंजीरें बहुत सूक्ष्म हैं, वे दिखाई भी नहीं पड़तीं। वह बड़े पतले धागों से, सूक्ष्म धागों से तुम्हें सब तरफ से बांध लेती है, लेकिन उसका बंधन कहीं दिखाई भी नहीं पड़ता। स्त्री अपने को नीचे रखती है। लोग गलत सोचते हैं कि पुरुषों ने स्त्रियों को दासी बना लिया। नहीं, स्त्री दासी बनने की कला है। मगर तुम्हें पता नहीं, उसकी कला बड़ी महत्वपूर्ण है। और लाओत्से उसी कला का उद्घाटन कर रहा है। कोई पुरुष किसी स्त्री को दासी नहीं बनाता। दुनिया के किसी भी कोने में जब भी कोई स्त्री किसी पुरुष के प्रेम में पड़ती है,तत्क्षण अपने को दासी बना लेती है, ‍क्योंकि दासी होना ही गहरी मालकियत है। वह जीवन का राज समझती है। स्त्री अपने को नीचे रखती है, चरणों में रखती है। और तुमने देखा है कि जब भी कोई स्त्री अपने को तुम्हारे चरणों में रख देती है, तब अचानक तुम्हारे सिर पर ताज की तरह बैठ जाती है। रखती चरणों में है, पहुंच जाती है बहुत गहरे, बहुत ऊपर। तुम चौबीस घंटे उसी का चिंतन करने लगते हो। छोड़ देती है अपने को तुम्हारे चरणों में, तुम्हारी छाया बन जाती है। और तुम्हें पता भी नहीं चलता कि छाया तुम्हें चलाने लगती है, छाया के इशारे से तुम चलने लगते हो। स्त्री कभी यह भी नहीं कहती सीधा कि यह करो, लेकिन वह जो चाहती है करवा लेती है। वह कभी नहीं कहती कि यह ऐसा ही हो, लेकिन वह जैसा चाहती है वैसा करवा लेती है। लाओत्से यह कह रहा है कि उसकी शक्ति बड़ी है। और उसकी शक्ति क्या है? क्योंकि वह दासी है। शक्ति उसकी यह है कि वह छाया हो गई है। बड़े से बड़े शक्तिशाली पुरुष स्त्री के प्रेम में पड़ जाते हैं, और एकदम अशक्त हो जाते हैं। (साभार फेसबुक वाल से )

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    शौर्यपथ / हर साल भाद्रपद मास में कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को जन्माष्टमी का त्योहार मनाया जाता है। इस बार यह अष्टमी तिथि 11…
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    खेल / शौर्यपथ / मुंबई के क्रिकेटर करन तिवारी ने सोमवार रात को मलाड में अपने घर में कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। करन मुंबई की प्रोफेशनल क्रिकेट टीम के सदस्य नहीं थे, लेकिन नेट बॉलर के तौर पर जुड़े थे। अभी तक उनकी मौत का कारण पता नहीं चला है, लेकिन ऐसा माना जा रहा है कि वो अपने करियर को लेकर डिप्रेशन में थे और इसी वजह से उन्होंने आत्महत्या कर ली। कोविड-19 महामारी के चलते करियर में आए ब्रेक से वो परेशान थे। करन महज 27 साल के थे। कुरार पुलिस स्टेशन में एक्सिडेंटल डेथ का केस दर्ज किया गया है, कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है।

    टाइम्स नाउ में छपी खबर के मुताबिक करन मिडिल क्लास परिवार से थे। पुलिस ने कहा कि करन ने अपने एक करीबी दोस्त को फोन किया था और उनसे मौजूदा स्थिति के बारे में बात की थी। करन इस बात से परेशान थे कि उन्हें अपना टैलेंट दिखाने के लिए मौका नहीं मिल रहा है। करन ने राजस्थान में रह रहे अपने दोस्त से बात की थी। करन के दोस्त ने यह सारी बातें उनकी बहन को बताईं, जो राजस्थान में ही रहती हैं। सोमवार रात करीब 10:30 बजे करन अपने कमरे में गए और दरवाजा बंद कर लिया, जब तक दरवाजा तोड़ा गया वो मर चुके थे।

    करन सीनियर टीम में जगह बनाने के लिए संघर्ष कर रहे थे, उन्होंने काफी बार कोशिश की, लेकिन ऐसा हो नहीं सका। कोविड-19 के चलते देश में क्रिकेट के तमाम इवेंट्स स्थगित हो गए थे, जिससे करन की मुश्किलें और बढ़ गई थीं। एक्टर जीतू वर्मा करन के करीबी दोस्त थे और उन्होंने बताया कि करन काफी समय से संघर्ष कर रहा था।

    मनोरंजन / शौर्यपथ / बॉलीवुड के दिग्गत अभिनेता संजय दत्त को लेकर बीते दिनों खबर आई कि वो फेफड़ों के कैंसर से पीड़ित हैं। मालूम हो कि कल (11 अगस्त) ही संजय दत्‍त ने सोशल मीडिया के जरिए फैंस को यह जानकारी दी थी कि वो अपने मेडिकल ट्रीटमेंट के चलते कुछ समय के लिए काम से ब्रेक ले रहे हैं। उस ट्वीट के बाद फैंस की चिंता बढ़ गई थी। अब इसके बाद संजय दत्त की पत्नी मान्यता दत्त ने उनकी हेल्थ को लेकर आधिकारिक बयान जारी किया है। मान्यता ने कहा कि हमें फैंस की दुआओं की जरूरत है। साथ ही साथ मान्यता दत्त ने अपील की है कि एक्टर को लेकर कोई अफवाह ना फैलायी जाए। मालूम हो कि संजय दत्त और मान्यता दत्त ने साल 2008 में गोवा में हिंदू रीति- रिवाज से शादी की थी। दोनों के दो जुड़वां बच्चे हैं। इनके बेटे का नाम शहरान और बेटी इकरा दत्त है।

    मान्यता दत्त ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि मैं सभी को धन्यवाद देती हूं जिन्होंने संजू के शीघ्र स्वस्थ होने की शुभकामनाएं व्यक्त की हैं। हमें इस वक़्त को पार करने के लिए ताकत और प्रार्थना की जरूरत है। पिछले वर्षों में परिवार बहुत कठिन समय से गुजरा है, लेकिन मुझे विश्वास है, यह भी गुजर जाएगा। साथ ही, यह संजू के प्रशंसकों से मेरा दिल से अनुरोध है कि वे अटकलों और अनुचित अफवाहों पर विश्वास न करे, बल्कि अपने प्यार, गर्मजोशी और समर्थन से मदद करें। संजू हमेशा एक फाइटर रहे हैं और इसी तरह हमारा परिवार भी रहा है। आगे की चुनौतियों से उबरने के लिए भगवान ने हमें फिर से परीक्षण करने के लिए चुना है। हम आप सभी से आपकी प्रार्थना और आशीर्वाद चाहते हैं, और हम जानते हैं कि हम हमेशा की तरह फिर से विजेता बनकर उभरेंगे। आइए हम इस अवसर का उपयोग प्रकाश और सकारात्मकता फैलाने के लिए करें।

    आपको बता दें कि संजय दत्त का पहली बार कैंसर से पाला नहीं पड़ा है। उनके सबसे करीबी लोग इस घातक बीमारी के शिकार हुए हैं। उनकी मां नर्गिस और वाइफ ऋचा शर्मा को भी ये बीमारी हुई थी। 39 साल पहले मां नर्गिस दत्त का इस बीमारी से निधन हुआ था। नरगिस दत्त राज्य सभा के सेशन के दौरान गंभीर रूप से बीमार पड़ गईं थीं। वो तारीख थी 2 अगस्त 1980 । पहले लगा की उन्हें जॉन्डिस है। मुंबई के ब्रीचकैंडी हॉस्पिटल में 15 दिनों तक इलाज चला लेकिन तबियत संभलने के बजाय बिगड़ती चली गई। डॉक्टरों में उनकी दोबारा जांच की तो पता चला कि उन्हें कैंसर है। नर्गिस पैंक्रियाटिक कैंसर से पीड़ित थीं।

    मुंबई ब्लास्ट में दोषी होने की वजह से इलाज के लिए अमेरिका नहीं जा पाएंगे संजय दत्त?
    बॉलीवुड एक्टर संजय दत्त को लंग्स कैंसर होने की खबर सामने के बाद उनके परिवार में तनाव का माहौल है। बताया जा रहा था कि वह अपने इलाज के लिए अमेरिका जा सकते हैं, लेकिन अब ऐसी बात सामने आई है जिससे संजय दत्त का अमेरिका जाना मुश्किल हो सकता है। एबीपी न्यूज की मानें तो संजय के पास अमेरिका का वीजा नहीं है। हालांकि, यह भी बताया जा रहा है कि वह वीजा हासिल करने की कोशिश में जुटे हुए हैं।

    एबीपी न्यूज ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया कि संजय दत्त इलाज के लिए अमेरिका के मेमोरियल स्लोआन केटरिंग कैंसर अस्पताल में इलाज के लिए जा सकते हैं, लेकिन पेंच यह है कि संजय दत्त के पास अमेरिका का वीजा नहीं है और वह मुम्बई ब्लास्ट में दोषियों और सजायाफ्ता मुजरिमों में शामिल हैं।

    ऐसे में संजय दत्त मेडिकल ग्राउंड पर अमेरिका का वीजा पाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन अगर उन्हें अमेरिका में इलाज कराने की अनुमति नहीं मिलती है तो वह फिर दूसरे विकल्प के रूप में इलाज के लिए सिंगापुर जा सकते हैं। हालांकि, इसे लेकर परिवार ने कोई पुष्टि नहीं की है।

    बताते चलें कि संजय दत्त को फेफड़ों का कैंसर होने की खबर मिलते ही उनकी पत्नी मान्यता दत्त अपने दोनों बच्चों के साथ एक विशेष विमान से दुबई से सीधे मुम्बई पहुंच गई हैं। वह मार्च महीने से ही देश में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण और लॉकडाउन के कारण दुबई में फंसी हुई थीं, लेकिन अब वह मुंबई लौट आई हैं।

     

    नजरिया / शौर्यपथ / राजस्थान विधानसभा चुनाव के बाद राहुल गांधी ने जब अशोक गहलोत और सचिन पायलट को जिम्मेदारी सौंपी थी, तब उन्होंने दोनों…

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