कांकेर /शौर्यपथ/
नगर पालिका क्षेत्र अंतर्गत जनकपुर वार्ड क्रमांक 20 में पेयजल समस्या से जूझ रहे लोगों ने जिला प्रशासन से पानी की मांग को लेकर मोर्चा खोल दिया एवं धरने पर बैठ गए है।
वार्ड वासियों का कहना है कि यह समस्या अभी से ही नहीं है इस समस्या को हम कई वर्षों से झेल रहे हैं लेकिन आज तक पानी की कोई व्यवस्था नहीं की गई पूर्व में चुनाव के समय भी मुख्यमंत्री के संसदीय सलाहकार राजेश तिवारी ने पूरे वार्ड वासियों के सामने आकर वादा किया था कि पानी की समस्या से निजात दिलाया जाएगा तालाब सौंदर्यीकरण किया जाएगा लेकिन अभी तक जमीनी स्तर पर कोई भी कार्य नहीं हुआ वही महिला बाल विकास मंत्री अनिला भेडिय़ा द्वारा भी सभी वार्ड वासियों को आश्वासन दिया गया था कि यहां अगर नगर पालिका में कांग्रेस की सत्ता थी है तो हम वार्ड में जितने भी समझते हैं उन सभी को हल करेंगे और सारे समस्याओं से आप लोगों को निजात दिलाएंगे। लेकिन आज तक किसी भी समस्या का हल नहीं निकाला गया है आज बड़ी दुर्भाग्य की बात है की कांकेर में इतने बड़े-बड़े राजनेता राष्ट्रीय स्तर के नेता यहां पर पदासीन हैं। परंतु जो लोगों की मूलभूत सुविधा है वह लोगों को नहीं मिल पा रही है। इनका कहना है कि पूर्व में भी नगर पालिका परिषद में कई बार आवेदन दिया गया है लेकिन पालिका की तरफ से जवाब आता है कि वह वार्ड ऊंचे स्थान में है जिसके कारण पाइप लाइन का पानी वहां नहीं चढ़ पाता।
वार्ड वासियों का कहना है कि पिछले वर्ष भी वे कलेक्टर के पास गुहार लेकर गए थे उन्होंने भी वादा किया था कि नया पाइपलाइन चालू होने के बाद इन्हें संपूर्ण पेयजल व्यवस्था का लाभ मिलेगा और आने वाले 50 सालों तक किसी भी प्रकार की पानी की समस्या से उन्हें जूझना नहीं पड़ेगा लेकिन आज भी वही स्थिति है आज भी जनकपुर वार्ड के लगभग 1100 लोग पानी की समस्या से वैसे ही जूझ रहे हैं।
धरने स्थल पर मौजूद राजापारा वार्ड पार्षद कहते हैं पानी की समस्या बहुत बड़ी समस्या है। जनकपुर वार्ड के लोग एक - एक बून्द पानी के लिए तरस रहे हैं और जिला प्रशासन, नगर पालिका परिषद मुखदर्शक बन देख रही है। इस वार्ड में एक तालाब है जिसका गहरीकरण कर दिया जाए तो थोड़ा बहुत पानी की समस्या कम हो सकती है नहाने, कपड़े धोने के लिए व्यवस्था बन सकती है वास्तव में मैं चाहूंगा कि जिला प्रशासन नगर पालिका और पीएचई विभाग से निवेदन करना चाहूंगा कि इस पानी की समस्या को जल्द से जल्द निराकरण नहीं किया जाता है तो यह प्रदर्शन उग्र आंदोलन का रूप ले लेगा।
वहीं जनकपुर वार्ड पार्षद नरेश बिछिया ने कहा जनप्रतिनिधि होने के नाते जनता की ताकत पर जिला प्रशासन को हम अवगत कराते रहे हैं पिछले कई सालों से अवगत करा रहे हैं आज भी हम अवगत कराएंगे और जिला प्रशासन अगर नहीं मानती है तो आने वाले समय में जो है चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी क्योंकि जनता अगर परेशान होगी तो हमारा दायित्व है प्रतिनिधि होने के नाते जनता के साथ मिल कर के हम सड़क की लड़ाई हो जहां तक जनता कहेगी वहां तक जाने के लिए तैयार है क्योंकि आम जनता को कोई परेशानी होगी तो हमारा दायित्व है प्रतिनिधि होने के नाते जनता के साथ मिल कर हम सड़क की लड़ाई हो जहां तक जनता कहेगी वहां तक हम इनके साथ जाने के लिए तैयार है क्योंकि हमको जनता ने निर्वाचित किया है इसी उद्देश्य को लेकर किया है हमारी जायज मांगों को हमारी आवाज बन के सामने रखेंगे और हमारा पूरा जिम्मेदारी है कि जनता को ज्यादा से ज्यादा लाभ मिल सके ।पेयजल की समस्या बहुत ही गंभीर समस्या है और हम जिला प्रशासन से चाहते हैं कि धरातल पर जो जल आवर्धन योजना है जो पीएचई विभाग के माध्यम से संचालित की जा रही है इसका लाभ जनता को मिले यही हमारी जिला प्रशासन से मांग है।